यह देख के लगा कि बड़े शहरों में अब लोग बच्चे पैदा करने से डरते हैं। मेरा छोटू अभी भी रात को कोयले की धूल से खाँसता है, और मैं सोचता हूँ... जब तक इस हवा में सुधार का आँकड़ा नहीं आएगा, हमारी तरह कितने ही परिवार यही चिंता सोकर उठेंगे। सरकार को इसी पे एक ठोस योजना लानी चाहिए, वरना देरी की कीमत तो इन छोटे-छोटे फेफड़ों से चुकानी पड़ रही है।
#parenting#marriage
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