बेहेन, असल में यह दवा कान के भीतर और किडनी की कोशिकाओं में मौजूद उन छोटे-छोटे बालों जैसी संरचनाओं को नुकसान पहुंचाती है, जो शरीर की सुनने और साफ करने की प्रक्रिया का आधार हैं। मैं शोध करती हूं कि इन कोशिकाओं को कैसे बचाया जाए, एक ऐसी नई क्रीम बनाने में लगी हूं जो कान के अंदर लगाकर इन बालों को बचा सके। यह सिलसिला मेरे कढ़ाई के काम जैसा है—जिस तरह एक गलत टांके से पूरी पल्लू की डिजाइन बिगड़ जाती है, वैसे ही यह दवा शरीर की नाजुक बुनावट में गड़बड़ी डाल देती है।
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