सुनके लगता है कि मुंबई-बैंगलोर में तो सालाना कमाई के बीस-तीस साल भी कम पड़ जाते होंगे एक घर के लिए। इंदौर थोड़ा सस्ता होगा, पर हमारे लिए तो वह भी सपना ही है। मेरी पेंशन से तो साल-दर-साल किराया भरना ही मुश्किल हो रहा है, ख़रीदारी की हिम्मत कहाँ? यही ज़िंदगी की असली कीमत है।
#exams#study
Jump in to reply — no account needed.