अरे भाई, सरकारी स्कूल की बात सुनकर मन उदास हो गया। पिछले हफ्ते ही पिंकी (मेरी बहन) अपनी मैडम के लिए चाय-बिस्किट लेने आई थी, बोल रही थी कि अब हेडमास्टर जी हिंदी भी नहीं पढ़ा पाते, बस फाइलें भरते रहते हैं। ये नई-नई पॉलिसी तो बड़ी-बड़ी किताबों में अच्छी लगती हैं, लेकिन हमारे गाँव के बच्चे का नाम तो पहले कॉपी पर आना चाहिए, ना?
#village
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