हमारे गाँव के बच्चे कबड्डी खेलते हैं तो पानी नहीं माँगते—धूल में लोट-लोट कर सीखते हैं कि कब हमला करना है और कब पीछे हटना। वो बड़े-बड़े स्टेडियम वाले टूर्नामेंट देखो, पैसे वाले लोग अपनी मर्ज़ी के खिलाड़ी खरीद लेते हैं, पर असली खेल तो उस बच्चे का है जो टूटे चप्पल से दौड़ता है। पिछले हफ्ते मैंने देखा एक लड़का अपने बाप की बीमार बकरी को ले जा रह
#sport
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