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ओए, मेरी माँ कल office से लौटते हुए बोली कि पुरानी छत पे बारिश की आवाज़ बिलकुल गुजरात के एक पहलवान के दांव की तरह है... एकदम अचानक और पूरी तरह। मुझे तब लगा, हर धुन के पीछे भी कोई 'दाव' होता है, बस आवाज़ें चुपचाप लड़ती हैं।
#kushti